
पारदर्शी विकास ब्यूरो कसया/कुशीनगर। कसया तहसील क्षेत्र के भैंसहा स्थित छोटी गंडक नदी के हेतिमपुर पर निर्माणाधीन पुल के लिए भूमि देने वाले ग्रामीणों ने मुआवजा न मिलने पर मंगलवार को विरोध प्रदर्शन करते हुए निर्माण कार्य रुकवा दिया। ग्रामीणों ने साफ कहा कि जब तक उनकी जमीन का उचित मुआवजा नहीं मिलेगा, तब तक पुल का निर्माण कार्य नहीं होने दिया जाएगा।जानकारी के अनुसार, कुशीनगर और देवरिया जनपद की सीमा पर स्थित छोटी गंडक नदी पर अंग्रेजों के समय का पुराना पुल जर्जर हो चुका है। क्षेत्रीय लोगों की सुविधा के लिए सेतु निगम द्वारा नए पुल का निर्माण कराया जा रहा है। इस पुल के बनने से दोनों जनपदों के दर्जनों गांवों के हजारों लोगों को आवागमन में बड़ी राहत मिलेगी।ग्रामीणों का आरोप है कि उन्होंने जनहित को देखते हुए अपनी जमीन पुल निर्माण के लिए देने की सहमति दी थी, लेकिन आज तक उन्हें भूमि का मुआवजा नहीं मिला। जबकि निर्माण कार्य तेजी से आगे बढ़ चुका है और अधिकांश पिलरों का निर्माण पूरा हो चुका है। वर्तमान में अंतिम पिलर का निर्माण कार्य चल रहा था।प्रदर्शन में फेकू साहनी, अनिरुद्ध साहनी, खालिद, अशोक, नूरुद्दीन सिद्दीकी, खालिद सिद्दीकी, सोहराब सिद्दीकी, अजय साहनी, लालजी वर्मा, दीपू वर्मा, राजेश शर्मा, रामविलास साहनी सहित कई ग्रामीण शामिल रहे। ग्रामीणों का कहना है कि कई बार अधिकारियों से शिकायत करने के बावजूद कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई।ग्रामीणों ने चेतावनी दी है कि जब तक शासन-प्रशासन उचित मुआवजा नहीं देता, तब तक निर्माण कार्य बंद रहेगा। विरोध के चलते पिछले दो दिनों से पुल निर्माण कार्य पूरी तरह ठप है।इस संबंध में सेतु निगम के जेई शुभम कौशल ने बताया कि मुआवजा भुगतान की प्रक्रिया पूरी कर फाइल एडीएम के पास भेज दी गई है। आगामी 10 से 12 दिनों के भीतर जमीनों की रजिस्ट्री शुरू हो जाएगी और सभी भूमि स्वामियों को उचित मुआवजा दे दिया जाएगा।