
तनिश सिंह
पारदर्शी विकास न्यूज़ उन्नाव।
उन्नाव में भ्रष्टाचार के खिलाफ जिला प्रशासन का सख्त रुख देखने को मिला। राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन में लाखों रुपये के गबन के आरोपी ब्लॉक मिशन प्रबंधक को जिला अधिकारी की बैठक से ही पुलिस ने हिरासत में ले लिया। बताया जा रहा है कि आरोपी के खिलाफ पहले से मुकदमा दर्ज था, लेकिन इसके बावजूद वह सरकारी बैठकों में शामिल होकर कार्य कर रहा था। मामले की जानकारी मिलने पर जिला अधिकारी ने तत्काल कार्रवाई के निर्देश दिए। इस कार्रवाई के बाद सरकारी महकमे में हड़कंप मच गया है, वहीं आम लोग प्रशासन की सख्ती की सराहना कर रहे हैं। भ्रष्टाचार के मामलों को लेकर जिला प्रशासन की सख्ती एक बार फिर सामने आई है। पुरवा ब्लॉक में राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन के तहत तैनात ब्लॉक मिशन प्रबंधक पर फर्जी स्वयं सहायता समूहों के गठन के नाम पर करीब 11 लाख रुपये के गबन का आरोप है। इस मामले में खंड विकास अधिकारी द्वारा पहले ही मुकदमा दर्ज कराया जा चुका था। बताया जाता है कि एक समीक्षा बैठक के दौरान जिला अधिकारी ने मामले की जानकारी ली तो पता चला कि आरोपी कर्मचारी उसी बैठक में मौजूद है। इसके बाद जिला अधिकारी ने पुलिस अधिकारियों को निर्देश देकर आरोपी को तत्काल हिरासत में लेने की कार्रवाई कराई। जिला अधिकारी ने गबन प्रकरण में शामिल अन्य लोगों के खिलाफ भी कार्रवाई के निर्देश दिए हैं। साथ ही पिछले चार वर्षों में हुए भुगतानों की जांच कर रिपोर्ट प्रस्तुत करने के लिए मुख्य विकास अधिकारी को निर्देशित किया गया है।इस कार्रवाई के बाद सरकारी विभागों में चर्चा का माहौल है, जबकि आम लोगों के बीच प्रशासन की इस सख्ती को लेकर सकारात्मक प्रतिक्रिया देखने को मिल रही है।