
पारदर्शी विकास न्यूज़, लखनऊ। शामली जिले के हसनपुर गांव की अनीता ने विद्युत सखी योजना से जुड़कर आर्थिक आत्मनिर्भरता की मिसाल पेश की है। राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन के तहत स्वयं सहायता समूह से जुड़ी अनीता ने अब तक सात करोड़ रुपये से अधिक का बिजली बिल राजस्व जमा कराया है। वर्ष 2022 में विद्युत सखी बनने के बाद उन्होंने घर-घर जाकर बिजली बिल संग्रहण शुरू किया। इस काम से उन्हें अब तक सात लाख रुपये से अधिक प्रोत्साहन राशि मिल चुकी है। वर्तमान में उनकी मासिक आय 20 से 25 हजार रुपये है। परिवार कर्जमुक्त हो चुका है और अनीता क्षेत्र में ‘लखपति दीदी’ के नाम से पहचानी जा रही हैं।