
यूपी-उत्तराखंड चुनाव पर मायावती की पैनी नजर
अगले सप्ताह शुरू होंगे सेक्टरवार कैडर कैम्प
संजीव भारती/वेद प्रकाश
पारदर्शी विकास न्यूज़ लखनऊ। बसपा सुप्रीमो मायावती ने ईशान आनंद को पार्टी संगठन के कार्यों को आगे बढ़ाने के लिए बड़ी जिम्मेदारी दी गई है। बीती रात बसपा सुप्रीमो ने अपने आवास पर बैठक करने के बाद ईशान आनंद को 19राज्यों का प्रभारी नियुक्त किया है। उत्तर प्रदेश और उत्तराखंड राज्य को उन्होंने अपने पास रखा है।सूत्रों से प्राप्त जानकारी के अनुसार बसपा सुप्रीमो ने रविवार की देर रात अपने आवास पर प्रमुख पदाधिकारियों की बैठक की। बैठक में उन्होंने देश के19राज्यों को जहां बीएसपी का संगठन है,दो जोन में बांटा है। एक जोन की जिम्मेदारी राज्य सभा सदस्य राम जी गौतम और दूसरे जोन की जिम्मेदारी पूर्व सांसद राजाराम को दी गई है। दोनों जोन का इंचार्ज ईशान आनंद को बनाया गया है। संगठन के कार्यों की रिपोर्ट लेकर वे आनंद कुमार और बहन मायावती जी को सौंपेंगे।उत्तर प्रदेश और उत्तराखंड में विधानसभा चुनाव की तैयारियों पर सुश्री मायावती स्वयं नजर रखेंगी। उत्तर प्रदेश में प्रत्याशियों को फाइनल करने और कार्यकर्ता सम्मेलन आयोजित करके प्रभारी/प्रत्याशी घोषित करने का काम तेजी से चल रहा है। रविवार को सुल्तानपुर जिले में प्रदेश अध्यक्ष ने जयसिंहपुर विधानसभा से एक मजबूत ओबीसी लीडर को प्रत्याशी घोषित किया। 27सितम्बर को अम्बेडकर नगर की जलालपुर विधानसभा में विशाल कार्यकर्ता सम्मेलन रखा गया है।बूथ कमेटियों के पुनर्गठन के काम को तेजी से पूरा करके सेक्टर वार कैडर कैम्प आयोजित करने की तैयारी चल रही है। 9 सितंबर को अयोध्या मंडल की बैठक सुल्तानपुर में है। सोमवार को प्रदेश अध्यक्ष विश्व नाथ पाल अयोध्या जिले की बैठक में स्वयं उपस्थित रहे और सांगठनिक कार्यो की समीक्षा की। बहुजन समाज पार्टी प्रमुख मायावती के छोटे भतीजे ईशान आनंद को पार्टी में मुख्य सेक्टर प्रभारी की जिम्मेदारी दिए जाने के बाद उनके सक्रिय राजनीति में आने की चर्चाएं तेज हो गई हैं। इसे संगठन में ईशान की पहली बड़ी राजनीतिक जिम्मेदारी माना जा रहा है। राजनीतिक हलकों में इसे आकाश आनंद के बाद पार्टी में युवा नेतृत्व को लेकर बीएसपी की नई रणनीति से जोड़कर देखा जा रहा है।मायावती के जन्मदिन पर लखनऊ में ईशान की मौजूदगी के बाद से ही उनके राजनीति में आने की अटकलें लगाई जा रही थीं। इसके बाद वह पार्टी के कार्यक्रमों, प्रेस कॉन्फ्रेंस और बैठकों में भी नजर आने लगे। अब संगठन में महत्वपूर्ण जिम्मेदारी मिलने से माना जा रहा है कि बीएसपी उन्हें भविष्य में पार्टी के युवा चेहरे के तौर पर आगे बढ़ा सकती है।ईशान की ब्रिटेन में हुई पढ़ाई को भी पार्टी के भीतर उनकी युवा और आधुनिक छवि से जोड़कर देखा जा रहा है। बीएसपी नेताओं का मानना है कि आकाश आनंद की तरह ईशान भी Gen Z वोटरों के बीच पार्टी की पकड़ मजबूत करने में भूमिका निभा सकते हैं। हालांकि, पार्टी के भीतर कुछ नेताओं का मानना है कि ईशान के सामने राजनीतिक अनुभव की कमी बड़ी चुनौती होगी। उनका कहना है कि आकाश ने उत्तर प्रदेश में सक्रिय रहकर अपनी राजनीतिक पहचान बनाई थी, जबकि ईशान की राजनीतिक यात्रा अभी शुरुआती दौर में है।