
पारदर्शी विकास न्यूज़ अमेठी। गुरुवार को नीति आयोग, भारत सरकार के निदेशक मोहम्मद जुबैर अली हाशिम ने जनपद के आकांक्षात्मक विकासखंड शुकुल बाजार का दौरा कर विभिन्न विकास परियोजनाओं एवं जनकल्याणकारी योजनाओं का स्थलीय निरीक्षण किया। इस दौरान मुख्य विकास अधिकारी पूजा साहू सहित संबंधित विभागों के अधिकारी उपस्थित रहे। निरीक्षण के दौरान उन्होंने स्वास्थ्य, शिक्षा, पोषण, पेयजल एवं पंचायत स्तर पर संचालित योजनाओं की प्रगति का जायजा लेते हुए अधिकारियों को निर्धारित लक्ष्यों के अनुरूप कार्य करने के निर्देश दिए। निरीक्षण के दौरान नीति आयोग के निदेशक ने सर्वप्रथम ग्राम पंचायत महोना पश्चिम स्थित प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र का निरीक्षण किया। उन्होंने पंचायत स्तर पर संचालित योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन पर बल देते हुए कहा कि ग्रामीण क्षेत्रों में शासन की योजनाओं का लाभ अंतिम व्यक्ति तक पहुंचना सुनिश्चित किया जाए। निरीक्षण के क्रम में उन्होंने प्राथमिक विद्यालय पहुंचकर शैक्षिक गतिविधियों, बच्चों की उपस्थिति, पठन-पाठन व्यवस्था तथा आधारभूत सुविधाओं का अवलोकन किया। उन्होंने शिक्षकों से संवाद कर बच्चों की गुणवत्तापूर्ण शिक्षा सुनिश्चित करने तथा सीखने के स्तर में निरंतर सुधार लाने के निर्देश दिए। वहीं आंगनबाड़ी केंद्र के निरीक्षण के दौरान बच्चों के पोषण, टीकाकरण, वजन मापन एवं पूरक पोषण कार्यक्रमों की समीक्षा की। उन्होंने जगदीशपुर स्थित एफपीओ का निरीक्षण किया एवं आवश्यक दिशा निर्देश दिया। स्थलीय निरीक्षण के बाद विकासखंड शुकुल बाजार के सभागार में समीक्षा बैठक आयोजित की गई। बैठक में विकास विभाग, कृषि विभाग, स्वास्थ्य विभाग, बाल विकास एवं पुष्टाहार विभाग, जल निगम, सूचना एवं प्रौद्योगिकी विभाग, बेसिक शिक्षा विभाग तथा माध्यमिक शिक्षा विभाग के जनपद एवं विकासखंड स्तरीय अधिकारियों ने सहभागिता की। बैठक में नीति आयोग के निदेशक ने आकांक्षात्मक विकासखंड कार्यक्रम के अंतर्गत निर्धारित विभिन्न सूचकांकों की विभागवार विस्तृत समीक्षा की। उन्होंने शिक्षा, स्वास्थ्य, पोषण, कृषि, पेयजल, डिजिटल सेवाओं एवं आधारभूत सुविधाओं से संबंधित प्रगति की जानकारी प्राप्त करते हुए कम प्रदर्शन वाले बिंदुओं की पहचान की। बैठक के अंत में अधिकारियों को विकास कार्यों की गुणवत्ता, योजनाओं की पारदर्शिता एवं समयबद्ध क्रियान्वयन सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए, ताकि आकांक्षात्मक विकासखंड शुकुल बाजार विकास के मानकों पर बेहतर प्रदर्शन कर सके।